टी20 विश्व कप में भारतीय टीम ने अपने अभियान की शुरुआत धमाकेदार अंदाज में की है। न्यूयॉर्क के नासाउ काउंटी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में ‘मेन इन ब्लू’ ने आयरलैंड को आठ विकेट से करारी शिकस्त दी। हालांकि, एक तरफ जहां भारतीय प्रशंसक इस जीत का जश्न मना रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ टूर्नामेंट के आयोजन को लेकर बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) ने अपने कड़े तेवर दिखाकर आयोजकों की चिंता बढ़ा दी है।
गेंदबाजों के आगे नतमस्तक हुई आयरिश टीम
न्यूयॉर्क की पिच एक बार फिर चर्चा का विषय रही, जहां बल्लेबाजों के लिए रन बनाना लोहे के चने चबाने जैसा साबित हुआ। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी आयरलैंड की पूरी टीम महज 16 ओवर में 96 रन के स्कोर पर ढेर हो गई। भारतीय गेंदबाजों, विशेषकर हार्दिक पांड्या ने आयरिश बल्लेबाजों की कमर तोड़ दी। हार्दिक ने सर्वाधिक तीन विकेट चटकाए, जबकि अर्शदीप सिंह और जसप्रीत बुमराह ने दो-दो विकेट लेकर विपक्षी खेमे में खलबली मचा दी। मोहम्मद सिराज और अक्षर पटेल को भी एक-एक सफलता मिली। आयरलैंड की ओर से गैरेथ डेलानी ने सर्वाधिक 26 रन बनाए, लेकिन पूरी टीम कभी भी मुकाबले में संभलती हुई नहीं दिखी।
रोहित-पंत ने आसान बनाया लक्ष्य, कोहली नाकाम
97 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम ने एक नई रणनीति अपनाई। करीब दो साल बाद रोहित शर्मा और विराट कोहली की जोड़ी ओपनिंग करने उतरी, लेकिन यह प्रयोग पहले मैच में विफल रहा। विराट कोहली केवल एक रन बनाकर मार्क अडायर का शिकार बने। हालांकि, इसके बाद कप्तान रोहित शर्मा और ऋषभ पंत ने पारी को संभाला।
रोहित शर्मा ने कप्तानी पारी खेलते हुए 36 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया, जो उनके टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर का 30वां अर्धशतक था। उन्होंने 52 रनों की पारी खेली लेकिन बांह में चोट लगने के कारण उन्हें ‘रिटायर्ड हर्ट’ होकर मैदान से बाहर जाना पड़ा। यह चोट उन्हें पारी के दौरान एक गेंद लगने से आई थी। रोहित के जाने के बाद ऋषभ पंत ने मोर्चा संभाला और 13वें ओवर में बैरी मैक्कार्थी की गेंद पर अपने चिर-परिचित अंदाज में ‘रिवर्स स्कूप’ से छक्का जड़कर भारत को जीत दिलाई। पंत 36 रन और शिवम दुबे क्रीज पर नाबाद रहे। इस जीत के साथ भारतीय टीम ग्रुप-ए में शीर्ष पर पहुंच गई है और अब उसका अगला महामुकाबला 9 जून को चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान से होगा।
नासाउ की पिच पर उठते सवाल
न्यूयॉर्क का यह मैदान लगातार कम स्कोर वाले मैचों का गवाह बन रहा है। यह लगातार तीसरा मौका है जब कोई टीम यहां 100 का आंकड़ा भी नहीं छू सकी। इससे पहले श्रीलंका की टीम यहां दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 77 रन पर सिमट गई थी। आयरलैंड का भी यही हश्र हुआ, जिससे इस नवनिर्मित स्टेडियम की पिच की प्रकृति पर सवालिया निशान लग गए हैं।
भारत आने से बांग्लादेश का इनकार, टूर्नामेंट पर संकट के बादल
मैदान पर जहां क्रिकेट का रोमांच जारी है, वहीं मैदान के बाहर एक बड़ा कूटनीतिक और खेल विवाद खड़ा हो गया है। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए भारत में अपने टी20 विश्व कप मैच खेलने से साफ इनकार कर दिया है। आईसीसी द्वारा दी गई चेतावनी—कि अगर वे खेलने से मना करते हैं तो उन्हें टूर्नामेंट से बाहर किया जा सकता है—के बावजूद बांग्लादेश अपने रुख पर कायम है। वे चाहते हैं कि उनके मैच श्रीलंका में स्थानांतरित किए जाएं।
ढाका में बांग्लादेश सरकार के खेल सलाहकार आसिफ नजरुल, बीसीबी अध्यक्ष नजमुल हसन और राष्ट्रीय टीम के वरिष्ठ खिलाड़ियों के बीच एक अहम बैठक हुई। बैठक के बाद आसिफ नजरुल ने दो टूक शब्दों में कहा, “मैं स्पष्ट कर दूं कि सुरक्षा चिंताओं के कारण भारत में न खेलने का फैसला सरकार का है।”
मुस्तफिजुर रहमान और आईपीएल का विवाद
इस पूरे विवाद की जड़ में आईपीएल 2026 की एक घटना है। बांग्लादेश का आरोप है कि कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) ने ‘कट्टरपंथी समूहों के दबाव’ में आकर मुस्तफिजुर रहमान को टीम से बाहर कर दिया था। आसिफ नजरुल ने कहा, “सुरक्षा का खतरा कोई कोरी कल्पना नहीं, बल्कि एक हकीकत है। बीसीसीआई ने दबाव में आकर हमारे खिलाड़ी को टूर्नामेंट से बाहर कर दिया। जब वे हमारे एक खिलाड़ी को सुरक्षा नहीं दे सके, तो पूरी टीम, प्रशंसकों और पत्रकारों की सुरक्षा की गारंटी कैसे दी जा सकती है?”
बांग्लादेश का कहना है कि आईसीसी और भारत सरकार ने उनकी चिंताओं को दूर करने की कोई ठोस कोशिश नहीं की है। मुस्तफिजुर प्रकरण पर किसी ने खेद तक नहीं जताया।
आईसीसी और बीसीबी में ठनी
आईसीसी ने बांग्लादेश की श्रीलंका में मैच कराने की मांग को यह कहते हुए खारिज कर दिया है कि मुस्तफिजुर का मामला एक घरेलू लीग से जुड़ा पृथक मामला है और इसका विश्व कप की सुरक्षा व्यवस्था से कोई लेना-देना नहीं है। आईसीसी ने बीसीबी को सरकार से बात करने के लिए 24 घंटे का समय दिया था, लेकिन बांग्लादेश झुकने को तैयार नहीं है।
बांग्लादेश ग्रुप सी में इंग्लैंड, इटली, वेस्टइंडीज और नेपाल के साथ है। उनका पहला मैच 7 फरवरी को वेस्टइंडीज के खिलाफ निर्धारित है, और शुरुआती तीन मैच कोलकाता में होने हैं। मौजूदा गतिरोध को देखते हुए बांग्लादेश की भागीदारी पर संशय बना हुआ है, हालांकि खिलाड़ियों की मंशा विश्व कप खेलने की है। अब देखना यह होगा कि आईसीसी इस मामले में क्या अंतिम निर्णय लेती है।