क्रिकेट के मैदान से भारतीय फैंस के लिए दोहरी खुशी और रोमांच की खबर है। एक तरफ जहां देश की युवा ब्रिगेड ने एशिया कप में अपना परचम लहरा दिया है, वहीं दूसरी तरफ 2026 में होने वाले टी20 विश्व कप की तैयारियां और खिलाड़ियों के प्रदर्शन का आकलन भी शुरू हो गया है। सबसे पहले बात करते हैं उस मुकाबले की जिसने अंडर-19 एशिया कप का रोमांच अपने चरम पर पहुंचा दिया है।
सेमीफाइनल में भारत का दबदबा और पाकिस्तान से भिड़ंत की तैयारी
दुबई के आईसीसी अकादमी ग्राउंड पर खेले गए अंडर-19 एशिया कप के सेमीफाइनल में टीम इंडिया ने शानदार प्रदर्शन करते हुए श्रीलंका को 8 विकेट से करारी शिकस्त दी। इस जीत के साथ ही भारत ने फाइनल का टिकट पक्का कर लिया है, जहां अब रविवार, 21 दिसंबर को उसका मुकाबला चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान से होगा। टूर्नामेंट में भारतीय टीम का सफर अब तक बेमिसाल रहा है और सेमीफाइनल में भी उनका यह प्रदर्शन जारी रहा। बारिश के व्यवधान के कारण मैच को 50 ओवर की जगह 20-20 ओवर का कर दिया गया था, जिससे खेल का रोमांच और बढ़ गया।
मैच में श्रीलंका ने पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया, लेकिन भारतीय गेंदबाजों के सामने उनकी शुरुआत लड़खड़ा गई। श्रीलंका की टीम निर्धारित 20 ओवरों में 8 विकेट के नुकसान पर 138 रन ही बना सकी। श्रीलंकाई पारी को संभालने की कोशिश चमिका हीनातिगला ने की, जिन्होंने 38 गेंदों में 42 रनों की पारी खेली। वहीं, विमथ दिनसारा ने 29 गेंदों में 32 रन बनाकर उनका साथ दिया। भारतीय गेंदबाजी आक्रमण की बात करें तो हेनिल पटेल और कनिष्क चौहान ने नपी-तुली गेंदबाजी करते हुए 2-2 विकेट झटके और श्रीलंकाई बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया।
विहान और आरोन की साझेदारी ने दिलाई जीत
लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत भी थोड़ी डगमगाई थी। वैभव सूर्यवंशी, जिन्होंने पूरे टूर्नामेंट में खूब रन बटोरे हैं, इस मैच में 9 रन बनाकर आउट हो गए। आयुष म्हात्रे भी 7 रन बनाकर चलते बने। लेकिन इसके बाद क्रीज पर आए आरोन जॉर्ज और विहान मल्होत्रा ने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया।
आरोन जॉर्ज ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 49 गेंदों में 58 रनों की पारी खेली। दूसरे छोर पर विहान मल्होत्रा ने मोर्चा संभाले रखा और 45 गेंदों में नाबाद 61 रन बनाकर टीम को जीत की दहलीज पार कराई। भारत ने यह मुकाबला महज 18 ओवर में ही जीत लिया। अब सभी की निगाहें ‘सुपर संडे’ पर हैं, जब खिताबी जंग में भारत और पाकिस्तान आमने-सामने होंगे।
टी20 वर्ल्ड कप 2026: इन पांच खिलाड़ियों पर रहेगी दुनिया की नजर
जहां एक तरफ युवा प्रतिभाएं अपनी छाप छोड़ रही हैं, वहीं अल जजीरा स्पोर्ट ने 2026 में होने वाले टी20 विश्व कप के लिए पांच ऐसे खिलाड़ियों की सूची जारी की है, जो अपने दम पर मैच पलटने का माद्दा रखते हैं। 8 मार्च 2026 को होने वाले फाइनल तक अपनी टीमों को पहुंचाने में इन खिलाड़ियों की भूमिका अहम होगी।
अभिषेक शर्मा (भारत): 25 वर्षीय बाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने विश्व क्रिकेट में अपनी एक अलग पहचान बना ली है। 17 साल की उम्र में दिल्ली डेयरडेविल्स (अब कैपिटल्स) द्वारा साइन किए जाने के बाद से ही अभिषेक शर्मा को एक बड़ी प्रतिभा माना जा रहा था। उन्होंने अब तक भारत के लिए टेस्ट या वनडे में डेब्यू नहीं किया है, लेकिन टी20 प्रारूप में उनका बल्ला आग उगल रहा है। 38 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में उनका स्ट्राइक रेट लगभग 200 का है और वे दो शतक तथा आठ अर्धशतक जमा चुके हैं।
सिकंदर रजा (जिम्बाब्वे): 39 वर्षीय सिकंदर रजा जिम्बाब्वे ही नहीं, बल्कि अपने जन्मस्थान पाकिस्तान में भी काफी सम्मान रखते हैं। पंजाब में जन्मे रजा का परिवार सदी की शुरुआत में अफ्रीका चला गया था। 2013 में डेब्यू करने वाले रजा अब एक अनुभवी खिलाड़ी बन चुके हैं और दुनिया भर की टी20 लीग्स में उनकी भारी मांग है। ऑफ और लेग-ब्रेक दोनों तरह की गेंदबाजी करने में सक्षम रजा छोटे प्रारूप में अपनी टीम के सबसे बड़े मैच विनर माने जाते हैं।
अबरार अहमद (पाकिस्तान): टी20 क्रिकेट में कलाई के स्पिनरों का हमेशा बोलबाला रहा है और पाकिस्तान के पास अबरार अहमद के रूप में एक ऐसा ही हथियार है। 27 वर्षीय इस गेंदबाज को अपनी फिरकी से मैच का पासा पलटने में महारत हासिल है। हालांकि पीठ की चोटों ने उनके करियर को थोड़ा धीमा जरूर किया, लेकिन 2024 में सीमित ओवरों के प्रारूप में डेब्यू के बाद से उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा है। टी20 में उनका औसत 17 और इकॉनमी सात से कम है, जो उन्हें बेहद खतरनाक बनाता है।
हैरी ब्रूक (इंग्लैंड): इंग्लैंड के सबसे रोमांचक बल्लेबाजों में गिने जाने वाले 26 वर्षीय हैरी ब्रूक के पास खेल को किसी भी दिशा में ले जाने की क्षमता है। वे ग्राहम गूच (1990) के बाद टेस्ट में तिहरा शतक लगाने वाले पहले अंग्रेज बल्लेबाज हैं, जो उन्होंने 2024 में पाकिस्तान के खिलाफ लगभग एक गेंद पर एक रन की गति से बनाया था। 2022 टी20 वर्ल्ड कप विजेता टीम का हिस्सा रहे ब्रूक के नाम टी20 में तीन शतक दर्ज हैं और वे आईपीएल में भी अपनी चमक बिखेर चुके हैं।
ग्लेन मैक्सवेल (ऑस्ट्रेलिया): ‘द बिग शो’ के नाम से मशहूर ग्लेन मैक्सवेल लंबे समय से व्हाइट-बॉल क्रिकेट के सुपरस्टार रहे हैं। 37 साल की उम्र में भी उनका जोश कम नहीं हुआ है। 2023 वनडे वर्ल्ड कप में चोटिल होने के बावजूद उनकी नाबाद दोहरे शतक की पारी को शायद ही कोई क्रिकेट प्रेमी भूल पाए। आईपीएल में सबसे महंगे खिलाड़ियों में शुमार मैक्सवेल के पास 281 अंतरराष्ट्रीय मैचों का अनुभव है। भारत और श्रीलंका की पिचों पर उनका अनुभव ऑस्ट्रेलिया के लिए एक बार फिर गेम-चेंजर साबित हो सकता है।